नई दिल्ली: मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच इजरायल और हिज्बुल्लाह के बीच फिर से टकराव तेज हो गया है। दक्षिणी लेबनान में हुई हिंसक झड़पों के बाद इजरायल ने जवाबी कार्रवाई करते हुए हिज्बुल्लाह के ठिकानों को निशाना बनाया। इस बढ़ते संघर्ष ने क्षेत्रीय हालात को और गंभीर बना दिया है।
इजरायली सैनिकों की मौत के बाद बढ़े हमले
रिपोर्ट के मुताबिक, दक्षिणी लेबनान में हिज्बुल्लाह के साथ मुठभेड़ में इजरायली सेना को नुकसान उठाना पड़ा। इसके बाद इजरायल ने लेबनान के कई इलाकों में हवाई हमले किए। इन हमलों को इजरायल ने अपनी सुरक्षा के लिए जरूरी कदम बताया है।
लेबनान में बढ़ी चिंता
इजरायल की कार्रवाई के बाद लेबनान में हालात और बिगड़ने की आशंका बढ़ गई है। स्थानीय प्रशासन का कहना है कि हमलों से कई इलाकों में नुकसान हुआ है। वहीं हिज्बुल्लाह ने भी इजरायल के खिलाफ जवाबी कार्रवाई जारी रखने की बात कही है।
अमेरिका-ईरान डील पर पड़ा असर
इजरायल और हिज्बुल्लाह के बीच बढ़ते संघर्ष का असर अमेरिका और ईरान के बीच चल रही बातचीत पर भी दिखाई दे रहा है। क्षेत्र में तनाव बढ़ने के कारण कूटनीतिक प्रयासों को झटका लगा है। अमेरिकी अधिकारियों की कोशिश थी कि बातचीत के जरिए हालात को नियंत्रित किया जाए, लेकिन ताजा घटनाओं ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं।
जेडी वेंस का दौरा टला
अमेरिकी उपराष्ट्रपति JD Vance का प्रस्तावित दौरा भी प्रभावित हुआ है। अमेरिका लगातार सभी पक्षों से संयम बरतने और तनाव कम करने की अपील कर रहा है।
ट्रंप प्रशासन की बढ़ी चिंता
Donald Trump प्रशासन की नजर अब मध्य पूर्व की स्थिति पर है। अमेरिका नहीं चाहता कि इजरायल-हिज्बुल्लाह संघर्ष बड़े क्षेत्रीय युद्ध में बदल जाए। वहीं इजरायल का कहना है कि वह अपनी सुरक्षा से कोई समझौता नहीं करेगा।
आगे क्या होगा?
मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच सबसे बड़ी चुनौती संघर्ष को रोकना और बातचीत का रास्ता बनाए रखना है। अगर इजरायल और हिज्बुल्लाह के बीच टकराव बढ़ता है, तो इसका असर पूरे क्षेत्र की राजनीति और सुरक्षा हालात पर पड़ सकता है।